डिजिटल भुगतान में एक्सिस बैंक ने हासिल की महत्वपूर्ण उपलब्धियां

राजस्थान को  कैशलैस बनाने में निभाई महत्वपूर्ण भूमिका
जयपुर। एक्सिस बैंक ने देश में डिजिटल भुगतान समाधान में नवाचार के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को एक बार फिर मजबूती से दोहराया है। बैंक ने 4 लाख 33 हजार पीओएस टर्मिनलों की स्थापना के साथ कार्ड स्वीकृति उद्योग में दूसरे नंबर को बरकरार रखा है। अकेले वित्तीय वर्ष 2017 में बैंक ने पिछले चार वित्तीय वर्षों के मुकाबले 2 लाख 18 हजार अधिक व्यापारियों को अपने साथ जोड़ा है। इस तरह इलैक्ट्रॉनिक भुगतानों के लिए बैंक की प्रतिबद्धता को रेखांकित किया है।
एक्सिस बैंक देश में डेबिट कार्ड जारी करने के लिहाज से चौथा सबसे बड़ा बैंक है और इसके अलावा बैंक फोरेक्स कार्ड के सेगमेंट में भी अग्रणी है। गौरतलब है कि पिछले एक साल में बैंक कुछ प्रतिष्ठित डिजिटल भुगतान संबंधी परियोजनाओं जैसे कि कोच्चि मेट्रो (ऑटोमेटेड फेयर कलेक्शन सिस्टम) और बैंगलोर मेट्रोपॉलिटन ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन (भारत का पहला प्रीपेड ट्रांजिट कार्ड) से भी जुड़ा है। बैंक के कार्ड एंड पेमेंट्स बिजनैस हैड संग्राम सिंह ने बताया कि विमुद्रीकरण के बाद बैंक ने राजस्थान में डिजिटल भुगतान समाधानों को प्रोत्साहित करने की दिशा में भी सक्रिय भूमिका निभाई है। इसके अलावा, एक्सिस बैंक ने क्रेडिट गारंटी फंड ट्रस्ट फॉर माइक्रो एंड स्मॉल एंटरप्राइजेज (सीजीटीएमएसई) योजना के तहत एमएसएमई कर्जदारों को सक्रिय रूप से वित्तपोषण कर उन्हें अधिक धन उपलब्ध कराने के अलावा कार्यशील पूंजी सीमा में वृद्धि करने के विकल्प के साथ पूंजी की सीमा भी बढ़ाई। औसतन बैंक ने एमएसएमई को 25-30 लाख रुपए का ऋण उपलब्ध कराया है, जबकि वास्तविक ऋण 5 लाख से 1 करोड़ रुपए के बीच हो सकता है। बैंक ने इस संबंध में भारतीय रिजर्व बैंक की अधिसूचना के अधीन डिजिटल लेनदेन वाले उद्यमों के लिए कार्यशील पूंजी ऋण को अतिरिक्त 10 प्रतिशत तक बढ़ाने का अपना संकल्प भी घोषित किया है। डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से लेन-देन करने से उधारकर्ताओं की वित्तीय स्थिति के बारे में पारदर्शिता बढ़ी है। इस तरह बैंक को क्रेडिट के तेज अनुमोदन में मदद मिलती है। उन्होंने कहा कि एक्सिस बैंक की व्यावसायिक प्राथमिकताओं के मूल में भुगतान है, जिसके परिणामस्वरूप हम डेटा विश्लेषिकी (एनालिटिक्स) में भारी निवेश कर रहे हैं जो अन्य लेनदेन के अलावा अधिक वैज्ञानिक तरीके से ऋण देने और बीमा क्रॉस-सेल में सक्षम है। बैंक के डिजिटल सॉल्यूशन्स इस तरह डिजाइन किए गए हैं ताकि ग्राहकों और व्यापारियों दोनों को समान रूप से एंड-टू-एंड सेवाएं प्रदान की जा सकें। राजस्थान को कैशलैस  सोसायटी बनाने में एक्सिस बैंक अग्रणी रहा है और इलैक्ट्रॉनिक भुगतान समाधान की स्थिति को पूरी तरह अपनाने में राज्य की मदद करने की हमारी प्रतिबद्धता में भी कोई बदलाव नहीं आया है।
राज्य में 118 शाखाओं के मजबूत नेटवर्क वाले एक्सिस बैंक ने राजस्थान के उन इलाकों में 16 बिजनैस कॉरेस्पॉण्डेंट नियुक्त किए हैं जहां या तो बैंकिंग सुविधाएं हैं ही नहीं अथवा बहुत कम हैं। उन्होंने सृजन एनजीओ के साथ भी समझौता किया है जिसे बिजनैस कॉरेस्पॉण्डेंट के रूप में टीम में शामिल किया गया है।
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